Fatehpur News : फतेहपुर में छुट्टी न मिलने पर बीएलओ ने की आत्महत्या, परिवार ने अंतिम संस्कार रोका

Fatehpur News : फतेहपुर में बीएलओ अखिलेश सविता ने छुट्टी न मिलने पर आत्महत्या की, परिजन ने मुआवजे की मांग करते हुए अंतिम संस्कार रोका।

Ramchandra Saini
Published on: 1 March 2026 3:06 PM IST
Fatehpur News : फतेहपुर में छुट्टी न मिलने पर बीएलओ ने की आत्महत्या, परिवार ने अंतिम संस्कार रोका
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Fatehpur: Akhilesh Savita Suicide News

Fatehpur News : उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के आलियाबाद गांव के निवासी 50 वर्षीय अखिलेश सविता, जो कि शिक्षा मित्र के साथ एसआईआर कार्य में बीएलओ के पद पर तैनात थे, ने कथित तौर पर छुट्टी न मिलने के कारण आत्महत्या कर ली। उनकी बेटी दिव्यांशी की शादी 8 मार्च 2026 को होनी थी।सूत्रों के अनुसार, छुट्टी न मिलने से परेशान अखिलेश सविता ने प्राथमिक विद्यालय के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या की और सुसाइड नोट भी लिखा।

मुआवजे की मांग पर परिजनों ने रोका अंतिम संस्कार

शनिवार की रात जिला प्रशासन के अधिकारी—एडीएम अवनीश त्रिपाठी और अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र पाल सिंह—गांव पहुंचे। बातचीत में तय हुआ कि बेटी की शादी के लिए 7.50 लाख रुपये नकद सहायता दी जाएगी और परिवार के एक सदस्य को संविदा पर नौकरी प्रदान की जाएगी।रविवार सुबह 10 बजे पोस्टमार्टम के बाद, मृतक के परिजन शव लेकर गांव लौटे और प्रशासन से किए गए वादे को पूरा करने की लिखित मांग करने लगे। उन्होंने अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। करीब चार घंटे तक चले हंगामे के बाद प्रशासन ने 7 लाख रुपये की राशि मृतक की बेटी को सौंप दी। इसके बाद परिवार ने अंतिम संस्कार करने की सहमति दी।

विधायक जय कुमार जैकी ने किया परिजनों को समझाने का प्रयास

बिंदकी विधानसभा से भाजपा के सहयोगी दल अपना दल के विधायक जय कुमार जैकी भी पीड़ित परिवार को समझाने पहुंचे। उन्होंने कहा कि एसडीएम को छुट्टी दे देनी चाहिए थी और इस मामले की निष्पक्ष जांच होगी। उन्होंने यह भी कहा कि जिस घर में शादी होती है, वहां अतिरिक्त जिम्मेदारी होती है और प्रशासनिक संवेदनशीलता जरूरी है।

कांग्रेस नेता शिवाकांत तिवारी ने दिया 21 हजार का चेक

राष्ट्रीय कांग्रेस के सदस्य शिवाकांत तिवारी ने मृतक परिवार को 21 हजार रुपये का चेक भी प्रदान किया। उन्होंने कहा कि प्रशासन की तरह वादे पर भरोसा नहीं करते, जो देना होता है, वह तुरंत कर दिया जाता है। उन्होंने आर

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