हिंदू नववर्ष पर यूपी में भव्य आयोजन, अयोध्या से बलरामपुर तक उत्साह

हिंदू नववर्ष पर अयोध्या में भव्य कार्यक्रम, राष्ट्रपति की मौजूदगी और बलरामपुर में शोभायात्रा के साथ प्रदेशभर में दिखा उत्साह

NathBux Singh
Published on: 18 March 2026 9:04 PM IST
हिंदू नववर्ष पर यूपी में भव्य आयोजन, अयोध्या से बलरामपुर तक उत्साह
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हिंदू नववर्ष (वर्ष प्रतिपदा) के अवसर पर Uttar Pradesh के विभिन्न जिलों में धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयोजनों की भव्य झलक देखने को मिल रही है। Ayodhya से लेकर बलरामपुर तक श्रद्धा, परंपरा और सांस्कृतिक चेतना का अद्भुत संगम नजर आ रहा है, जहां एक ओर श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में ऐतिहासिक कार्यक्रम आयोजित हो रहा है, वहीं दूसरी ओर शोभायात्राओं और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से नववर्ष का स्वागत किया जा रहा है।

अयोध्या में हिंदी नववर्ष के पहले दिन भव्य राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कल अयोध्या पहुंचेंगी। वह श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के दर्शन करेंगी। मंदिर के द्वितीय तल पर श्री राम यंत्र की स्थापना होगी। राम मंदिर निर्माण से जुड़े 2000+ श्रमिकों को सम्मानित किया जाएगा। जिला प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। सुरक्षा के तहत फ्लीट रिहर्सल भी किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ परंपरा से होगी, केशव बलिराम हेडगेवार को नमन होगा। सुबह 10 बजे तक ही प्रवेश, दोपहर 1:45 बजे के बाद मेहमानों के राम लला दर्शन शुरू होगा। माता अमृतानंदमयी अपने भक्तों के साथ कार्यक्रम में शामिल होंगी।

अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि परिसर में विशेष आयोजन के तहत आमंत्रित अतिथियों, संतों और स्वयंसेवकों की उपस्थिति में वैदिक परंपराओं के साथ कार्यक्रम संपन्न होगा। Droupadi Murmu के आगमन और रामलला के दर्शन को लेकर भी व्यापक तैयारियां की गई हैं। कार्यक्रम में मंदिर निर्माण से जुड़े श्रमिकों के सम्मान और धार्मिक अनुष्ठानों के आयोजन से इसे ऐतिहासिक स्वरूप दिया जा रहा है।

वहीं बलरामपुर में सनातन नववर्ष की पूर्व संध्या पर निकली भव्य शोभायात्रा में युवाओं और श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बनता है। देशभक्ति के नारों, पारंपरिक प्रदर्शनों और धार्मिक प्रवचनों के माध्यम से सांस्कृतिक जागरण का संदेश दिया गया।

इन आयोजनों के माध्यम से प्रदेश में सनातन परंपरा, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक विरासत को सशक्त करने का संदेश दिया जा रहा है। यह नववर्ष केवल एक पर्व नहीं, बल्कि आस्था, परंपरा और राष्ट्र चेतना के उत्सव के रूप में पूरे उत्तर प्रदेश में मनाया जा रहा है।

श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर में कार्यक्रम से पूर्व लगेगी शाखा

अयोध्या,18 मार्च। वर्ष प्रतिपदा पर कल श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर में कार्यक्रम से पूर्व आमंत्रित अतिथियों के आवास के आसपास नववर्ष के प्रथम दिवस स्वयंसेवकों का एकत्रीकरण होगा। संघ की शाखा लगेगी तथा ध्वज प्रणाम के साथ ही आद्य सरसंघचालक प्रणाम किया जाएगा। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक के सम्मान और स्मृति में यह प्रणाम किया जाता है। आमंत्रित प्रतिष्ठितजनों के लिए आठ स्थानों पर भोजनालय की व्यवस्था की गई है। प्रवेश के लिए मुख्यतः दो द्वारों बिड़ला धर्मशाला के सामने और रंग महल बैरियर निर्धारित किया गया है।

उक्त जानकारी आज कारसेवक पुरम की भरतकुटी में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चम्पतराय ने कुछ पत्रकारों के प्रश्नों के उत्तर के रूप में दी। उन्होंने आवासीय प्रबंध के सम्बन्ध में भी विस्तार से बताया। मन्दिर से पूर्व दिशा में पूर्वी उत्तर प्रदेश के विशिष्ट अभ्यागतजन रुकेंगे तथा मन्दिर के आसपास रामघाट,दोराही कुंआ आदि क्षेत्र में उत्तराखंड, मेरठ व ब्रज प्रांत के आमंत्रितजनों की आवासीय व्यवस्था की गई है। बाहर से बसों से आने वाले निर्माण सहयोगियों के ठहरने का प्रबंध चूड़ामणि चौराहे के आस पास तथा तीर्थ क्षेत्र पुरम में किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मां अमृतानंदमयी अपने 1100 से अधिक भक्तों के साथ पधार चुकी हैं। मन्दिर आंदोलन और निधि संकलन में दायित्व निभाने वाले कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में बुलाए गए हैं। स्थानाभाव के कारण अनेक कार्यकर्ताओं को नहीं आमंत्रित किया जा सका है। महासचिव ने यह भी बताया कि अधिकतम दस बजे तक प्रवेश मिलेगा तथा पौने दो बजे तक कार्यक्रम सम्पन्न होने के बाद आमन्त्रितजनों को दर्शन कराया जाएगा। इस दिन के लिए विशेष दर्शन पास नहीं बनेगा लेकिन सामान्य दर्शन चलता रहेगा। नवरात्रि से ही दर्शन की समयावधि भी बढ़ायी जा रही है।

उन्होंने यह भी बताया कि आमंत्रितजन प्रवेश से पूर्व जलपान/भोजन आवासीय स्थान से कर के आएंगे और वापस जाने पर भी कर सकेंगे। कार्यक्रम स्थल पर भी अल्पाहार की व्यवस्था की गई है। व्रत रखने वालों का विशेष ध्यान रखा गया है। महासचिव ने यह भी कहा कि जो चाहें उसी दिन अन्यथा ठहरकर अगले दिन जा सकते हैं।

सनातन नववर्ष की पूर्व संध्या पर बलरामपुर में निकली भव्य शोभायात्रा

बलरामपुर में सनातन नववर्ष की पूर्व संध्या पर नगर में आर्य वीर-वीरांगनाओं द्वारा भव्य शोभायात्रा निकाली गई। देशभक्ति और सांस्कृतिक चेतना से ओत-प्रोत इस यात्रा में “हम अब अंग्रेजों के नहीं गुलाम” और “हवन से मनाएंगे नववर्ष” जैसे नारों के साथ युवाओं ने शक्ति प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस दौरान बरेली से आए पंडित भानु प्रकाश शास्त्री ने देशभक्ति गीत “भारत मां शेरावाली है” प्रस्तुत कर उपस्थित लोगों को भाव-विभोर कर दिया। वहीं हरिद्वार से आए स्वामी वेदामृतानंद ने सनातन नववर्ष के महत्व पर प्रकाश डालते हुए इसके ऐतिहासिक और धार्मिक पक्षों की जानकारी दी।


भजन-प्रवचन के उपरांत ओम ध्वज के साथ आर्य वीरों ने नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए शोभायात्रा निकाली। इस दौरान शामली से आए राजकुमार आर्य और बहराइच के सत्यनारायण आर्य के निर्देशन में प्रशिक्षित युवाओं ने बलिदानी पार्क, पंडित केशव राम शुक्ला चौराहा, सिटी पैलेस, मेजर चौराहा, पुराना चौक, वीर विनय चौक और तुलसी पार्क सहित सात प्रमुख स्थानों पर लाठी, लेझियम, डंबल, पिरामिड और मानव पुल जैसे हैरतअंगेज करतबों का प्रदर्शन किया। तुलसी पार्क में ध्वज अवतरण गीत के साथ शोभायात्रा का समापन हुआ। इसके बाद सनातन सहभोज का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान आर्य विद्वानों ने आर्य वीर-वीरांगनाओं और मीडिया कर्मियों को सम्मान पत्र देकर सम्मानित भी किया।

शोभायात्रा का नेतृत्व स्वामी ओमानंद, राम फेरन मिश्र, चंद्रकेतु आर्य, राजेश कुमार मिश्रा, सुरेश कुमार मिश्रा, मनोज मिश्रा, राम मणि सोनकर और सहज राम गिरी ने किया। कार्यक्रम में सैकड़ों लोगों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम संयोजक आर्यवीर दल उत्तर प्रदेश के प्रचार मंत्री आर्य अशोक तिवारी ने बताया कि इस वर्ष विशेष कारणों से डीएवी इंटर कॉलेज, बलरामपुर में प्रशिक्षण शिविर नहीं लग सका, इसलिए गुरुकुल श्रावस्ती में शिविर आयोजित किया गया, जहां बच्चों ने प्रशिक्षण प्राप्त कर शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि केवल सोशल मीडिया के माध्यम से सूचना मिलने के बावजूद बड़ी संख्या में सनातन प्रेमियों का एकत्र होना सांस्कृतिक जागरण का प्रमाण है। अंत में उन्होंने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

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