Mirzapur News: मिर्जापुर: गो-तस्करी केस में श्याम बहादुर पटेल की जमानत याचिका खारिज

Mirzapur News: गो-तस्करी के आरोप में जेल में बंद अपना दल कामेरवादी के जिलाध्यक्ष श्याम बहादुर पटेल और एक अन्य आरोपी की जमानत याचिका जनपद एवं सत्र न्यायालय ने गंभीरता देखते हुए खारिज कर दी।

Brijendra Dubey
Published on: 11 March 2026 9:11 PM IST
Mirzapur: Shyam Bahadur Patels bail plea rejected in cow smuggling case
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मिर्जापुर: गो-तस्करी केस में श्याम बहादुर पटेल की जमानत याचिका खारिज (Photo- Newstrack)

Mirzapur News: मिर्जापुर। गो-तस्करी के आरोप में जिला कारागार में निरुद्ध अपना दल (कामेरवादी) के जिलाध्यक्ष श्याम बहादुर पटेल को अदालत से राहत नहीं मिली है। जनपद एवं सत्र न्यायालय ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए यह फैसला सुनाया, जिसके बाद फिलहाल उन्हें जेल में ही रहना होगा।

अदालत में हुई सुनवाई

इस मामले की सुनवाई जनपद न्यायाधीश अरविंद मिश्रा की अदालत में हुई। सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष दोनों ने अपने-अपने तर्क अदालत के सामने रखे।

अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता आलोक राय ने अदालत को बताया कि मामला गंभीर प्रकृति का है और आरोपों को देखते हुए आरोपी को जमानत देना उचित नहीं होगा। उन्होंने कोर्ट से जमानत याचिका खारिज करने की मांग की।

वहीं बचाव पक्ष की ओर से आरोपी को जमानत दिए जाने की मांग करते हुए कई तर्क प्रस्तुत किए गए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए श्याम बहादुर पटेल तथा एक अन्य सह-आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी।

करीब एक महीने से जेल में बंद

गो-तस्करी के आरोप में गिरफ्तारी के बाद श्याम बहादुर पटेल करीब एक महीने से मिर्जापुर जिला कारागार में निरुद्ध हैं। इस मामले ने जिले की राजनीति में भी हलचल पैदा कर दी है।

समर्थकों ने किया था प्रदर्शन

श्याम बहादुर पटेल की गिरफ्तारी के बाद उनके समर्थकों ने विरोध भी दर्ज कराया था। 7 मार्च को अपना दल (कामेरवादी) की नेता पल्लवी पटेल के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया गया था। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने उनकी रिहाई की मांग उठाई थी और मामले की निष्पक्ष जांच की बात कही थी।

हालांकि अदालत के इस फैसले के बाद फिलहाल श्याम बहादुर पटेल और उनके सह-आरोपी को जेल में ही रहना पड़ेगा। मामले को लेकर जिले की राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल पर भी लोगों की नजर बनी हुई है।

बाइट : आलोक राय, जिला शासकीय अधिवक्ता।

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As a Senior Reporter based in Mirzapur, he covers a wide range of news and developments for Newstrack.com. His reporting spans politics, administration, crime, social issues, education, cultural events, and other matters of public interest. With a strong understanding of local issues and ground-level reporting, he strives to deliver accurate, timely, and reliable news to readers. Through his journalistic work, he aims to keep audiences informed about the latest developments from Mirzapur and the surrounding region.

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