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संजौली मस्जिद को तोड़ना होगा... कोर्ट का बड़ा फैसला, वक्फ बोर्ड को लगा तगड़ा झटका
Sanjauli Mosque demolished: शिमला के संजौली मस्जिद मामले में जिला अदालत ने मस्जिद के अवैध हिस्से को गिराने का बड़ा फैसला सुनाया है।
Sanjauli Mosque demolished: हिमाचल प्रदेश के शिमला के संजौली इलाके में महीनों से सुर्खियों में चल रहा मस्जिद विवाद आखिरकार अपने अंजाम तक पहुंच गया है। जिला अदालत ने नगर निगम शिमला की अदालत के फैसले को बरकरार रखते हुए संजौली मस्जिद के अवैध हिस्से को गिराने के आदेश जारी कर दिए हैं। अदालत ने वक्फ बोर्ड और मस्जिद कमेटी की अपील को खारिज करते हुए साफ कहा कि कानून सबके लिए एक है।
कानूनी लड़ाई का अंत, फैसला साफ
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश-2 यजुवेंद्र सिंह की अदालत में आज इस बहुचर्चित मामले की सुनवाई हुई। लंबी बहस के बाद अदालत ने वक्फ बोर्ड की अपील खारिज कर दी, क्योंकि वह मस्जिद की जमीन और निर्माण से जुड़े कोई ठोस दस्तावेज पेश नहीं कर पाया। यह मामला एमसी कोर्ट के फैसले के खिलाफ अपील के रूप में लाया गया था, लेकिन अदालत ने निगम अदालत के आदेशों को सही ठहराया।
नगर निगम आयुक्त भूपेंद्र अत्री की अदालत ने पहले ही 3 मई 2025 को मस्जिद की निचली दो मंजिलों को अवैध बताते हुए उन्हें तोड़ने के आदेश दिए थे। इससे पहले 5 अक्टूबर 2024 को मस्जिद की ऊपरी तीन मंजिलों को गिराने का फैसला आया था। इनमें से दो मंजिलें मस्जिद कमेटी ने खुद हटा दी थीं।
कैसे शुरू हुआ था विवाद
इस पूरे विवाद की जड़ अगस्त 2024 में मल्याणा क्षेत्र की एक झड़प से जुड़ी है। बताया गया कि एक स्थानीय दुकानदार पर समुदाय विशेष के कुछ युवकों ने हमला किया था और बाद में वे युवक संजौली मस्जिद में जाकर छिप गए। घटना के बाद माहौल बिगड़ गया और इलाके में तनाव फैल गया। 11 सितंबर को हिंदू संगठनों ने बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया। हालात इतने तनावपूर्ण हो गए कि पुलिस को वाटर कैनन और बल प्रयोग तक करना पड़ा। मामला विधानसभा में भी गूंजा, जहां मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने इसे अवैध प्रवासियों से जुड़ा मुद्दा बताया था।
अब टूटेगी मस्जिद
विवाद बढ़ने के बाद मस्जिद कमेटी ने खुद अवैध हिस्से को हटाने की पेशकश की थी, लेकिन अब जिला अदालत के आदेश के बाद यह कदम अनिवार्य हो गया है। स्थानीय लोगों के वकील जगत पाल ने कहा, “अब जब अदालत ने भी निगम कोर्ट के आदेश को सही ठहराया है, तो नगर निगम को जल्द कार्रवाई करनी चाहिए ताकि संजौली में शांति और सौहार्द बना रहे।”


