Baghpat News: स्वामी दीपांकर बोले: अखंड भारत समय की जरूरत और मजबूरी

Baghpat: स्वामी दीपांकर ने कहा कि हिंदू समाज को एकजुट होना होगा, अखंड भारत अब सपना नहीं बल्कि राष्ट्र की आवश्यकता और मजबूरी बन चुका है।

Paras Jain
Published on: 24 Aug 2025 7:35 PM IST
Swami Deepankar said: Akhand Bharat is the necessity and compulsion of time
X

स्वामी दीपांकर बोले: अखंड भारत समय की जरूरत और मजबूरी (Photo- Newstrack)

Baghpat News: खेकड़ा कस्बे में आज स्वामी दीपांकर महाराज के नेतृत्व में भव्य अखंड भारत संकल्प यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में लोग भगवा झंडों के साथ शामिल हुए। इस अवसर पर स्वामी दीपांकर महाराज ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि आज के समय में अखंड भारत केवल एक सपना नहीं, बल्कि राष्ट्र की सबसे बड़ी जरूरत और मजबूरी बन चुका है।

उन्होंने कहा कि भारत कोई धर्मशाला नहीं है कि यहां रोहिंग्या और बांग्लादेशी आकर बस जाएं। यह देश हिंदुस्तानियों का है और इसे बचाने की जिम्मेदारी भी हम सभी की है। स्वामी दीपांकर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि हिंदू समाज अब भी एकजुट नहीं हुआ तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। उन्होंने कहा, “अगर हमें जिंदा रहना है, अपने देश में रहना है तो एक होना ही होगा। कश्मीर से पलायन कर यहां आए हैं, अब और कहां जाएंगे?”

धर्मगुरुओं को भी उन्होंने संदेश देते हुए कहा कि वे समाज को जोड़ने का काम करें, न कि बांटने का। उन्होंने कहा, “धर्मगुरु भी हमारे, बहन-बेटियां भी हमारी। इसलिए बोलने से पहले संयम बरतें। कोई भी शब्द जो समाज को तोड़े, उससे बचना चाहिए।”

स्वामी दीपांकर ने आगे कहा कि हिंदुओं को जातियों में बांटने की कोशिशें लंबे समय से चल रही हैं, लेकिन अब समय आ गया है कि हम इन बंधनों को तोड़कर एकजुट हों। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को इस एकता का प्रतीक बताया और कहा कि जो कार्य 500 वर्षों में नहीं हो पाया, वह आज हुआ है, क्योंकि हिंदू समाज एकजुट हुआ।

अंत में उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि हिंदू समाज ने अभी भी एकता नहीं दिखाई तो आने वाले चुनावों में राजनीतिक दल उन्हें फिर से बांटकर लूटेंगे। “नेता लोग चूर्ण देंगे और आप लोग लुट जाओगे,” उन्होंने कहा।

1 / 9
Your Score0/ 9
Paras Jain
ABOUT THE AUTHOR

Paras Jain

Next Story