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Jhansi News: वंदे भारत ट्रेन में मारपीट का मामला गरमाया: विधायक के खिलाफ जांच तेज, भाजपा ने मांगा जवाब, कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन
Jhansi News: रेलवे व GRP अधिकारियों द्वारा कोच और स्टेशन के कैमरों की जांच की जा रही है, लेकिन अब तक झगड़े का सीधा फुटेज हाथ नहीं लगा है।
वंदे भारत ट्रेन में मारपीट का मामला: विधायक के खिलाफ जांच तेज, भाजपा ने मांगा जवाब, कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन (Photo- Newstrack)
Jhansi News: वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन में बबीना विधायक राजीव सिंह पारीछा के समर्थकों द्वारा एक यात्री के साथ की गई मारपीट का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। जीआरपी द्वारा जांच शुरू कर दी गई है, लेकिन अब तक रेलवे स्टेशन के सीसीटीवी कैमरों में कोई स्पष्ट फुटेज नहीं मिला है। हालांकि सोशल मीडिया पर पिटाई का वीडियो वायरल हो चुका है, लेकिन उसकी प्रमाणिकता की अभी पुष्टि की जा रही है।
घटना 19 जून को झांसी में वंदे भारत ट्रेन में हुई थी, जहां विंडो सीट को लेकर विवाद के बाद विधायक के समर्थकों ने एक यात्री की पिटाई कर दी। वायरल वीडियो में विधायक राजीव सिंह पारीछा घटनास्थल पर खड़े दिखाई दे रहे हैं। अब तक पीड़ित पक्ष ने एफआईआर दर्ज नहीं कराई है, लेकिन जीआरपी के डीआईजी राहुल राज ने वीडियो के आधार पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
भाजपा ने भेजा नोटिस
भाजपा के प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला ने विधायक को नोटिस जारी करते हुए सात दिनों के भीतर जवाब मांगा है। उन्होंने इसे अनुशासनहीनता की श्रेणी में रखते हुए पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला बताया।
आजाद अधिकार सेना की मांग
राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने ADG रेलवे को पत्र लिखकर विधायक व उनके समर्थकों पर एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने वीडियो को प्रमाण मानते हुए इसे स्वतः संज्ञेय अपराध बताया।
कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन
कांग्रेस के पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य, जिलाध्यक्ष देशराज रिछारिया और अन्य कार्यकर्ताओं ने जिला कार्यालय पर प्रदर्शन कर डीएम को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने घटना को लोकतंत्र पर सीधा हमला बताया और कार्रवाई की मांग की।
जांच जारी, साक्ष्य की कमी चुनौती
रेलवे व GRP अधिकारियों द्वारा कोच और स्टेशन के कैमरों की जांच की जा रही है, लेकिन अब तक झगड़े का सीधा फुटेज हाथ नहीं लगा है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो फिलहाल जांच का आधार बना हुआ है।
यह मामला अब सियासी रंग ले चुका है और आने वाले दिनों में इससे जुड़ी जांच और पार्टी अनुशासनात्मक कार्रवाई की दिशा साफ हो सकती है।


