TRENDING TAGS :
Lucknow News: छांगुर बाबा केस में न्यायिक साख पर सवाल! जज काशिफ शेख पर गंभीर आरोप, हाईकोर्ट चीफ जस्टिस व सीएम से जांच की मांग
Lucknow News: अमिताभ ठाकुर का आरोप है कि न्यायिक पद का दुरुपयोग करते हुए उन्होंने इस संवेदनशील केस को दबाने का प्रयास किया। यह मामला अब न सिर्फ सियासी बल्कि न्यायिक हलकों में भी चर्चा का विषय बन गया है।
Lucknow News: छांगुर बाबा केस में न्यायिक प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को पत्र भेजकर काशिफ शेख नाम के एडीजे स्तर के न्यायाधीश पर लगे गंभीर आरोपों की जांच की मांग की है। अमिताभ ठाकुर का आरोप है कि न्यायिक पद का दुरुपयोग करते हुए उन्होंने इस संवेदनशील केस को दबाने का प्रयास किया। यह मामला अब न सिर्फ सियासी बल्कि न्यायिक हलकों में भी चर्चा का विषय बन गया है। शिकायत की प्रति और गवाही के समर्थन में बयान के आधार पर जांच की मांग को गंभीरता से उठाया गया है।
बदर सिद्दीकी और आशा नेगी केस से जुड़ा विवाद
अमिताभ ठाकुर ने अपने पत्र में लिखा है कि इस केस में मेरठ के बदर अख्तर सिद्दीकी को आरोपी और आशा नेगी को पीड़िता के रूप में चिन्हित किया गया है। आशा नेगी के पक्ष के लोगों ने आरोप लगाया है कि काशिफ शेख, बदर सिद्दीकी के नजदीकी रिश्तेदार हैं, जिससे न्याय प्रक्रिया में पक्षपात की आशंका प्रबल होती है। अमिताभ ठाकुर ने यह प्रकरण 'अत्यंत गंभीर' करार देते हुए इसकी जांच हाईकोर्ट प्रशासन से कराने की मांग की है।
जांचकर्ता को धमकाने का आरोप
शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि काशिफ शेख ने हरदोई में तैनाती के दौरान मेरठ आकर क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर प्रकाश शर्मा को सरकारी कक्ष में बुलाया और मामले को दबाने का दबाव बनाया। आरोप है कि उन्होंने जांच न रोकने पर 'परिणाम भुगतने' की धमकी भी दी थी। यह गंभीर आरोप न्यायपालिका की गरिमा पर सीधा आघात माने जा रहे हैं। शिकायत में ये भी कहा गया है कि जज काशिफ शेख पर एक टीवी कार्यक्रम में भी सार्वजनिक रूप से गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों के बाद पूरे प्रकरण को लेकर पारदर्शी और निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है ताकि लोगों का न्यायपालिका पर भरोसा बना रहे।

