Lucknow News: ठाकुरगंज हादसे में बड़ी कार्रवाई, जेई सस्पेंड, एई को नोटिस, ठेकेदार पर एफआईआर

Lucknow News: ठेकेदार ने तय समयसीमा में नाले की सफाई नहीं करवाई, बारिश के समय जलभराव की स्थिति उत्पन्न हुई और हादसा हुआ है। इस घटना के बाद क्षेत्र में भारी जनाक्रोश है।

Prashant Vinay Dixit
Published on: 13 July 2025 2:48 PM IST (Updated on: 13 July 2025 7:59 PM IST)
नगर आयुक्त के निर्देश पर ठेकेदार पर FIR, अवर अभियंता निलंबित (फोटो: सोशल मीडिया)
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नगर आयुक्त के निर्देश पर ठेकेदार पर FIR, अवर अभियंता निलंबित (फोटो: सोशल मीडिया)

Lucknow News: ठाकुरगंज इलाके में बीते शनिवार को भारी बारिश के दौरान खुले नाले में बहने से सुरेश (38) की हुई मौत हो गई। उनका शव आईआईएम रोड बंधा के पास 30 घंटे बाद बरामद हुआ। जिसने नगर निगम और स्थानीय प्रशासन की लापरवाही को उजागर कर दिया है। इस मामले में प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई हुई है। जेई रमन कुमार को निलंबित कर दिया गया है। जबकि एई आलोक कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इसके साथ ही ठेकेदार और पार्षद पर एफआईआर दर्ज करवाई गई हैं।

जलभराव के कारण नाले में गिरा युवक

लखनऊ के राधाग्राम निवासी सुरेश शनिवार सड़क पार कर रहे थे। वह जलभराव के कारण खुले नाले में गिरकर बह गए। 30 घंटे के सर्च ऑपरेशन के बाद रविवार को उनका शव आईआईएम रोड बंधा के पास बरामद हुआ थी। इस दर्दनाक हादसे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाते हुए नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव को दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद नगर निगम प्रशासन हरकत में आया और रविवार को दोषी अधिकारियों और सफाई ठेकेदार पर बड़ी कार्रवाई की गई है।

अवर-सहायक अभियंता पर कार्रवाई

नगर आयुक्त गौरव कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया लापरवाही के चलते अवर अभियंता (JE) रमन कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उनपर क्षेत्र के निरीक्षण और जलनिकासी व्यवस्था बनाएं रखने की जिम्मेदारी थी। कमांड कंट्रोल नंबर और आईजीआएस पर नागरिकों ने जलभराव और खुले नाले की शिकायतें दर्ज कराईं थीं, लेकिन जेई रमन कुमार ने नजरअंदाज किया और कोई ठोस कदम नहीं उठाया था। सहायक अभियंता (AE) आलोक कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उनसे तीन दिन के भीतर जवाब मांगा गया है।

ठेकेदार पर एफआईआर दर्ज करवाई

क्षेत्र में समय रहते नाले की सफाई और जल निकासी की व्यवस्था क्यों नहीं की गई। उनका जवाब असंतोषजनक नहीं पाया गया, तो उनके खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई तय मानी जा रही है। जबकि सफाई के कार्य में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदार अंकित कुमार पर भी शिकंजा कस दिया गया है। नगर निगम ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई है। इसके अलावा उन्हें ब्लैकलिस्ट करने और ठेके की शर्तों के उल्लंघन के आधार पर आर्थिक दंड (पेनाल्टी) लगाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

अब अफसरों को याद आई ज़िम्मेदारी

ठेकेदार ने तय समयसीमा में नाले की सफाई नहीं करवाई, बारिश के समय जलभराव की स्थिति उत्पन्न हुई और हादसा हुआ है। इस घटना के बाद क्षेत्र में भारी जनाक्रोश है। स्थानीय निवासियों का कहना है, हर साल हम शिकायत करते हैं, लेकिन कोई नहीं सुनता। अब जान गई तो अफसरों को याद आई ज़िम्मेदारी। वहां मौजूद कई लोगों ने नगर निगम की मानसून से पहले की तैयारियों को दिखावटी और कागजी करार दिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतक के परिवार को मुख्यमंत्री राहत कोष से 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा पहले ही कर दी थी। साथ ही यह भी स्पष्ट कर दिया था कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

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Prashant Vinay Dixit

Prashant Vinay Dixit is a former Reporter at Newstrack.com.

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