Lucknow News: रिटायर्ड AE से 78 लाख की ठगी! जमीन का झांसा देकर जालसाजी करने वाले 9 आरोपियों पर FIR, जान से मारने की दी थी धमकी

Lucknow News: लखनऊ के महानगर थाने में रिटायर्ड AE से 78 लाख की ठगी के मामले में 9 जालसाजों पर मुकदमा दर्ज हुआ है। आरोपियों ने फर्जी जमीन दिखाकर रुपये ऐंठे और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। जांच में सामने आया कि जमीन सरकारी है और आरोपी हथियार व मानव तस्करी में भी संलिप्त हैं।

Hemendra Tripathi
Published on: 19 July 2025 8:13 PM IST
Lucknow News
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Retired Engineer Duped of 78 Lakh in Fake Land Deal in Lucknow Mahanagar 

Lucknow News: लखनऊ में जमीन के नाम पर करोड़ों की ठगी का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। रिटायर्ड AE एसबी त्रिपाठी से 9 लोगों के गिरोह ने फर्जी जमीन दिखाकर 78 लाख की ठगी की। पीड़ित ने जब पैसे लौटाने की मांग की तो जान से मारने की धमकी दी गई। मामला महानगर थाना क्षेत्र का है, जहां पहले तो शिकायत दर्ज नहीं हुई लेकिन DCP सेंट्रल आशीष श्रीवास्तव के हस्तक्षेप पर पुलिस ने अब FIR दर्ज कर ली है। पीड़ित ने आरोपियों पर मानव व हथियार तस्करी से जुड़े होने का भी गंभीर आरोप लगाया है।

परिचित ने रची थी पूरी साजिश, रिटायरमेंट फंड से ठगे पैसे

गोमती नगर के विराट खंड के रहने वाले यूपी विकास प्राधिकरण से रिटायर्ड AE एसबी त्रिपाठी ने आरोप लगाया कि उनके परिचित देवेश भट्ट ने रीता राय और अजय कुमार दीक्षित के साथ मिलकर एक लाख वर्गफुट की जमीन में निवेश के लिए झांसा दिया। तीनों ने दावा किया कि जमीन अजहर सुल्तान की है, जो बेचना चाहते हैं। दो करोड़ की डील भी पक्की बताई गई।

78 लाख ट्रांसफर, बदले में मिले फर्जी दस्तावेज

पीड़ित ने अपनी तहरीर में बताया कि 6 से 16 अप्रैल 2024 के बीच उन्होंने देवेश भट्ट, रीता राय, अजय दीक्षित, मो. सिराज, अजहर सुल्तान, अंकित सुल्तान, शाबाज सुल्तान, वसी हैदर आब्दी और शाजिदा जाफरी के खातों में कुल 78 लाख ट्रांसफर कर दिए। बदले में जमीन के नकली कागजात दिए गए। जांच में सामने आया कि जमीन हीवेट पॉलिटेक्निक की सरकारी भूमि है।

जान से मारने की धमकी, डीसीपी के आदेश पर FIR

पीड़ित एसबी त्रिपाठी ने बताया कि पैसा ट्रांसफर होने के बाद जालसाजों की ओर से दिए गए जमीन के कागजात की जांच जब तहसीलदार और राजस्व निरीक्षक से जांच कराई तो आरोपियों का फर्जीवाड़ा उजागर हुआ। मामले की जानकारी होने के बाद जब उन्होंने जालसाजों से बात करके इसका विरोध किया तो आरोपी धमकी देने लगे। बताया जाता है कि मामले की शिकायत लेकर जब वे महानगर थाने पहुंचे तो पुलिस शुरुआत में मुकदमा न लिखते हुए टालमटोल करती रही लेकिन डीसीपी सेंट्रल के आदेश के बाद मुकदमा दर्ज किया गया।

आरोपियों पर संगठित गिरोह चलाने का आरोप

पीड़ित एसबी त्रिपाठी का आरोप है कि सभी आरोपी एक गिरोह चलाते हैं, जो जमीन की धोखाधड़ी के साथ-साथ मानव और हथियार तस्करी जैसे अपराधों में भी शामिल है। मुकदमा दर्ज होने के बाद अब मामले की जांच महानगर इंस्पेक्टर अखिलेश मिश्रा द्वारा शुरू की गई है।

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Hemendra Tripathi is a former Reporter at Newstrack.com.

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