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Lucknow news: 'क्रेडिट कार्ड ब्लॉक कर दिया है...' कहकर मांगा OTP, जालसाज ने 1.60 लाख की कर डाली शॉपिंग, पीड़ित बोला- 'मैं दिहाड़ी मजदूर हूँ'
Lucknow News: लखनऊ में बढ़ते साइबर अपराधों की रोकथाम पर सरोजनीनगर थाने की पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
Lucknow News (Photo: Social Media)
Lucknow news: राजधानी लखनऊ में बढ़ते साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए लखनऊ पुलिस अलग अलग माध्यमों से आम लोगों को फोन कॉल या मेसेज के माध्यम से किसी अंजान शख्स के झांसे में न आने को लेकर अपील करके जागरूक कर रही है। लगातार चल रहे ऐसे अभियानों के बीच साइबर फ्रॉड के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। इसी से जुड़ा एक नया मामला लखनऊ के सरोजनीनगर थाना क्षेत्र से सामने आया, जहां क्रेडिट कार्ड ब्लॉक करने की बात कहकर जालसाज ने एक युवक के क्रेडिट कार्ड से डेढ़ लाख से अधिक की शॉपिंग कर ली। मामले में पीड़ित को अपने साथ हुई इस ठगी का पता तब चला, जब बैंक से उसे कॉल करके शॉपिंग की जानकारी दी गयी। मामले में पीड़ित की तहरीर के आधार पर सरोजनीनगर थाने की पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अंजान कॉलर ने कार्ड ब्लॉक करने की दी जानकारी, लिया OTP
सरोजनीनगर थाना क्षेत्र के बेहसा अमौसी के रहने वाले 42 वर्षीय जितेंद्र ने बताया कि बीते 2 जून को उनके मोबाइल नंबर पर एक अंजान कॉल आया, जिसमें कॉलर की ओर से क्रेडिट कार्ड बंद किए जाने से जुड़ी जानकारी मांगी गई। पीड़ित ने बताया कि बातो में आकर सारी जानकारी, जैसे पैन कार्ड नम्बर, मोबाइल नम्बर, ओटीपी आदि मेरी ओर से बता दिया गया। इसके बाद कॉलर की ओर से कहा गया कि आप कार्ड इस्तमाल नहीं कर रहे थे, इसलिए कार्ड को ब्लॉक कर दिया गया है।
बैंक से कॉल आने पर ठगी का चला पता, पीड़ित बोला- 'मैं दिहाड़ी मजदूर हूँ'
पीड़ित जितेंद्र ने बताया कि घटना के 4 दिन बाद SBI बैंक की ओर से कॉल करके बताया गया कि बीते 2 जून को SBI के क्रेडिट कार्ड से 1.60 लाख की फ्लिपकार्ड से खरीदारी की गई है, जिसके बाद उसे अपने साथ हुई ठगी का एहसास हुआ। पीड़ित ने बताया कि वह किसी प्रकार दिहाड़ी मजदूरी करके अपने परिवार के पालन पोषण करता है। बैंक वालो ने जबरदस्ती क्रेडिट कार्ड बनवा दिया था, जिसे पीड़ित की ओर से कार्य में इस्तमाल भी नहीं किया था और इस फ्राड का शिकार बना। मामले में सरोजिनी नगर थाने के इंस्पेक्टर ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज करते हुए मामले की जांच की जा रही है।


