Raj Ballabh Yadav: 'संबंध बनाने की लत थी उसे'! नाबालिग से रेप केस में पूर्व विधायक राजबल्लभ यादव बरी

Raj Ballabh Yadav rape case: पटना हाई कोर्ट ने नाबालिग से रेप के मामले में पूर्व RJD विधायक राजबल्लभ यादव को बरी कर दिया, निचली अदालत का आजीवन कारावास का आदेश पलटते हुए सभी आरोपियों को राहत दी गई।

Harsh Srivastava
Published on: 14 Aug 2025 8:53 PM IST (Updated on: 14 Aug 2025 8:55 PM IST)
Raj Ballabh Yadav: संबंध बनाने की लत थी उसे! नाबालिग से रेप केस में पूर्व विधायक राजबल्लभ यादव बरी
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Raj Ballabh Yadav rape case: बिहार की सियासत से जुड़ी एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। पटना हाई कोर्ट ने नवादा के पूर्व RJD विधायक राजबल्लभ यादव को नाबालिग से रेप के मामले में बरी कर दिया है। निचली अदालत ने 2018 में राजबल्लभ को इस मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी, लेकिन हाई कोर्ट ने अपने फैसले में निचली अदालत के आदेश को पलट दिया। इस फैसले ने एक बार फिर से इस चर्चित मामले में नया मोड़ ला दिया है।

हाई कोर्ट ने क्यों किया बरी?

जस्टिस मोहित कुमार शाह और जस्टिस हरीश कुमार की खंडपीठ ने इस मामले की सुनवाई करते हुए कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर गौर किया। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि अभियोजन पक्ष यह साबित करने में नाकाम रहा कि पीड़िता के साथ जबरन रेप हुआ था।

मेडिकल रिपोर्ट: हाई कोर्ट ने मेडिकल जांच का हवाला देते हुए बताया कि डॉक्टरों ने पाया कि पीड़िता यौन संबंध बनाने की आदी थी और उसके साथ जबरदस्ती संबंध बनाने के कोई सबूत नहीं थे।

उम्र का विवाद: अभियोजन पक्ष यह भी साबित नहीं कर पाया कि पीड़िता की उम्र 18 साल से कम थी, जो इस मामले का एक महत्वपूर्ण पहलू था।

एफएसएल रिपोर्ट: कोर्ट ने बताया कि पीड़िता के कपड़ों को जांच के लिए FSL (फॉरेंसिक) लैब भेजा गया था, लेकिन उसकी रिपोर्ट को रिकॉर्ड पर नहीं लाया गया। इसी आधार पर कोर्ट ने राजबल्लभ यादव समेत सभी आरोपियों को 'संदेह का लाभ' दिया।

क्या था पूरा मामला?

यह मामला साल 2016 का है। एक लड़की ने बिहारशरीफ के महिला थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया था कि उसकी पड़ोसन सुलेखा देवी उसे एक बर्थडे पार्टी के बहाने कहीं ले गई, जहां पूर्व विधायक राजबल्लभ यादव ने उसके साथ रेप किया। इस मामले में राजबल्लभ यादव को 2018 में निचली अदालत से आजीवन कारावास की सजा मिली थी। हाई कोर्ट ने इस मामले में राजबल्लभ यादव के साथ-साथ सुलेखा देवी, राधा देवी, संदीप सुमन, तुसी देवी और छोटी देवी को भी सभी आरोपों से बरी करते हुए तत्काल जेल से रिहा करने का आदेश दिया है। इस फैसले से नवादा और बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है।

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Hi! I am Harsh Srivastava, currently working as a Content Writer and News Coordinator at Newstrack. I oversee content planning, coordination, and contribute with in-depth articles and news features, especially focusing on politics and crime. I started my journey in journalism in 2023 and have worked with leading publications such as Hindustan, Times of India, and India News, gaining experience across cities including Varanasi, Delhi and Lucknow. My work revolves around curating timely news, in- depth research, and delivering engaging content to keep readers informed and connected.

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